दमोह: भाजपा नेता देवेंद्र ठाकुर की वीभत्स हत्या, चुनावी रंजिश या पारिवारिक विवाद? जांच में जुटी पुलिस
दमोह। दमोह-सागर स्टेट हाईवे पर मंगलवार शाम हुई एक घटना ने पूरे जिले को दहला दिया है। भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष देवेंद्र ठाकुर की एक कार हादसे में मौत हो गई, जिसे अब पुलिस ने 'मर्डर' करार दिया है। घटना इतनी वीभत्स थी कि टक्कर के बाद देवेंद्र का शरीर क्षत-विक्षत हो गया और उनके शरीर के अंग सड़क पर दूर तक बिखर गए।
एक्सीडेंट नहीं हत्या: एसपी का बड़ा खुलासा
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी आनंद कलादगी ने मौके का मुआयना किया और साक्ष्यों के आधार पर इसे हत्या बताया। पुलिस के अनुसार, यह केवल एक एक्सीडेंट नहीं बल्कि जानबूझकर अंजाम दी गई वारदात है। घटनास्थल पर टायर के निशान मिले हैं, जिससे पता चलता है कि देवेंद्र के ऊपर दो बार स्कॉर्पियो चढ़ाई गई थी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि जिस कार (MP04SJ0999) से इस कांड को अंजाम दिया गया, वह मृतक के रिश्तेदार की ही बताई जा रही है।
मंदिर से लौटते वक्त हुआ हमला
45 वर्षीय देवेंद्र ठाकुर हर मंगलवार की तरह लक्ष्मण कुटी मंदिर दर्शन करने गए थे। शाम करीब 4:45 बजे जब वह अपनी बाइक से गांव लौट रहे थे, तभी शासकीय नर्सरी के पास पीछे से आ रही तेज रफ्तार कार ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि उनकी बाइक 50 फीट दूर जा गिरी और देवेंद्र सड़क के बीचों-बीच आ गए, जहां उन्हें बेरहमी से कुचल दिया गया।
विधायक जयंत मलैया पहुंचे मौके पर
भाजपा नेता की मौत की खबर फैलते ही दमोह विधायक जयंत मलैया और सिद्धार्थ मलैया तुरंत घटनास्थल और अस्पताल पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। देवेंद्र ठाकुर 2021 के उपचुनाव के दौरान बांसा मंडल अध्यक्ष के रूप में सक्रिय रहे थे और क्षेत्र में उनकी अच्छी पकड़ थी।
FSL टीम की जांच और फरार आरोपी
पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सागर से फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम बुलाई है। देहात थाना पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। एसपी ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। फिलहाल वारदात के बाद से प्रत्यक्षदर्शी और संदिग्ध आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस जगह-जगह दबिश दे रही है।
