छतरपुर: साधु बनने की चाह में अधेड़ ने कुल्हाड़ी से काटा गुप्तांग, हालत गंभीर

man-cuts-his-own-private-part-in-chhatarpur

छतरपुर। छतरपुर जिले से एक बेहद हैरान और विचलित कर देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक अधेड़ उम्र के व्यक्ति ने वैराग्य धारण करने और साधु बनने की अजीब चाह में आत्मघाती कदम उठा लिया। व्यक्ति ने कुल्हाड़ी से मारकर अपना ही गुप्तांग काट दिया। अत्यधिक रक्तस्राव (खून बहने) के कारण पीड़ित की हालत बेहद चिंताजनक बनी हुई है, जिसे गंभीर अवस्था में इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

कुएं पर अचानक उठाया आत्मघाती कदम

प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़ित शनिवार सुबह रोजाना की तरह अपने खेत के पास स्थित कुएं पर गया हुआ था। वहाँ अचानक उसके दिमाग में क्या आया कि उसने पास ही रखी एक धारदार कुल्हाड़ी उठाई और अपने गुप्तांग पर जोरदार वार कर दिया। इस खौफनाक और आत्मघाती कदम को उठाने के तुरंत बाद वह लहूलुहान होकर वहीं जमीन पर गिर पड़ा और दर्द से तड़पने लगा।

खुद फोन कर भाई को दी घटना की जानकारी

गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद अधेड़ ने किसी तरह हिम्मत जुटाई और खुद फोन करके अपने चचेरे भाई को इस खौफनाक घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही भाई बदहवास हालत में दौड़कर खेत पर पहुंचा, जहां पीड़ित खून से लथपथ तड़प रहा था। उसे तुरंत आनन-फानन में छतरपुर जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की टीम उसके इलाज में जुटी है।

डॉक्टरों से कहा- 'सांसारिक मोह-माया छोड़नी है'

अस्पताल के बिस्तर पर जब डॉक्टरों और परिजनों ने इस खौफनाक कदम के पीछे की वजह जाननी चाही, तो अधेड़ का जवाब सुनकर हर कोई दंग रह गया। उसने बताया कि वह इस संसार की तमाम मोह-माया को त्यागना चाहता है और पूरी तरह से एक साधु जैसा जीवन जीना चाहता है। इसी वैराग्य को पाने के लिए उसने यह कदम उठाया।

घर में शादी की खुशियाँ, पत्नी लकवाग्रस्त

इस खौफनाक कदम के बाद पीड़ित का पूरा परिवार सदमे में है। पारिवारिक पृष्ठभूमि की बात करें तो उसके परिवार में दो बेटे और दो बेटियां हैं। आगामी 25 जून को उसकी एक बेटी का विवाह होना तय हुआ है, जिसकी तैयारियां घर में चल रही थीं। वहीं, उसकी पत्नी लंबे समय से लकवा (पैरालिसिस) की बीमारी से पीड़ित है। पीड़ित के भाई ने एक और बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि वह काफी लंबे समय से अत्यधिक मात्रा में गांजे के नशे का सेवन कर रहा था, जिसके चलते उसकी मानसिक स्थिति पर भी असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।