ADVERTISEMENT

दमोह: ई-अटेंडेंस और 'सार्थक ऐप' से परेशान कर्मचारियों ने खोला मोर्चा, वेतन कटौती रोकने की मांग, कलेक्टर ने दिया राहत का आश्वासन

MP Adhikari Karmachari Sanyukt Morcha handing over a memorandum to Damoh Collector Pratap Narayan Yadav regarding e-attendance and Sarthak app issues today

दमोह, ब्यूरो रिपोर्ट। मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य और स्कूल शिक्षा विभाग में लागू की गई ऑनलाइन ई-अटेंडेंस (E-Attendance) व्यवस्था और 'सार्थक ऐप' (Sarthak App) कर्मचारियों के लिए सिरदर्द बन गया है। ऐप में आ रही लगातार तकनीकी खामियों और वेतन कटने के डर से परेशान होकर दमोह में कर्मचारियों ने मोर्चा खोल दिया है।

मध्य प्रदेश अधिकारी-कर्मचारी संयुक्त मोर्चा (जिला दमोह) के प्रमुख सत्यनारायण तिवारी के नेतृत्व में विभिन्न मान्यता प्राप्त और गैर मान्यता प्राप्त कर्मचारी संगठनों के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री के नाम दमोह कलेक्टर श्री प्रताप नारायण यादव को एक ज्ञापन सौंपा। इसमें ई-अटेंडेंस व्यवस्था से उत्पन्न हो रही व्यावहारिक समस्याओं के तत्काल निराकरण की मांग की गई है।

damoh-employees-protest-e-attendance-sarthak-app-technical-issues

नेटवर्क और सर्वर डाउन, वेतन न काटने की प्रमुख मांग

ज्ञापन में कर्मचारियों ने स्पष्ट रूप से मांग की है कि ई-अटेंडेंस को वेतन कटौती से न जोड़ा जाए।

  • कर्मचारियों का तर्क है कि कई बार नेटवर्क बाधित होने, मोबाइल खराब होने या सार्थक ऐप का सर्वर डाउन होने के कारण वे समय पर उपस्थिति दर्ज नहीं कर पाते हैं।
  • लॉग-इन (Log-in) और लॉग-आउट (Log-out) में आ रही तकनीकी दिक्कतों की वजह से कर्मचारियों को अनावश्यक आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
  • संगठन ने मांग की है कि वास्तविक कार्य और उपस्थिति को ध्यान में रखते हुए मानवीय दृष्टिकोण से निर्णय लिया जाए और इस प्रणाली को सुगम बनाया जाए।

Damoh Collector Pratap Narayan Yadav

कलेक्टर ने दी राहत, शिक्षा विभाग में बनेगा कंट्रोल रूम

कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने प्रतिनिधिमंडल की समस्याओं को बेहद गंभीरता से सुना और उन्हें आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया। कलेक्टर द्वारा उठाए गए प्रमुख कदम:

  • स्वास्थ्य विभाग का वेतन जारी: कलेक्टर ने बताया कि जिन कर्मचारियों ने सार्थक ऐप में लॉग-इन किया था, लेकिन तकनीकी कारणों से लॉग-आउट नहीं कर पाए, उनका वेतन नहीं काटा जाएगा और उसे जारी कर दिया गया है। साथ ही 3 जुलाई तक की अवधि के लिए आवश्यक शिथिलता (Relaxation) प्रदान की गई है।
  • शिक्षा विभाग के लिए विशेष निर्देश: स्कूल शिक्षा विभाग में आ रही समस्याओं को सुलझाने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) श्री सत्यम चौरसिया को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए गए हैं।
  • कंट्रोल रूम और ट्रेनिंग: जिले और ब्लॉक स्तर पर एक माह के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त कर 'कंट्रोल रूम' स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा ब्लॉक और जन शिक्षा केंद्र स्तर पर शिक्षकों को ई-अटेंडेंस की ट्रेनिंग भी दी जाएगी।

e-attendance-sarthak-app-technical-issues

इस मौके पर संयुक्त मोर्चा के जिला प्रमुख सत्यनारायण तिवारी सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। संगठन ने स्पष्ट किया है कि यदि कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए इन तकनीकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं किया गया, तो वे आगे भी निरंतर प्रयासरत रहेंगे।